September 6, 2026

Jharkhand: झारखंड भर्ती विवाद में नया मोड़, हाईकोर्ट के बाद आज सुप्रीम कोर्ट में भी सुनवाई पर नजर

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सर्च न्यूज: सच के साथ: झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं को लेकर चल रहा विवाद अब न्यायिक स्तर पर और महत्वपूर्ण हो गया है। राज्य सरकार द्वारा कथित अनियमितताओं के आधार पर कई भर्ती परीक्षाओं को रद्द किए जाने के बाद मामला हाईकोर्ट से होते हुए सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है। 24 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में इस विवाद से जुड़ी याचिका पर सुनवाई प्रस्तावित है, जिसमें कथित परीक्षा अनियमितताओं की जांच CBI से कराने की मांग भी शामिल है।

इस पूरे विवाद की शुरुआत भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर छात्रों के लंबे आंदोलन से हुई। इसके बाद झारखंड सरकार ने 22 भर्ती परीक्षाओं को रद्द करने का फैसला लिया। सरकार का कहना था कि CID और SIT की जांच में विभिन्न परीक्षाओं की प्रक्रिया को लेकर गंभीर सवाल सामने आए थे। साथ ही भर्ती व्यवस्था में सुधार के लिए कदम उठाने की बात भी कही गई।

सरकार के इस फैसले के बाद उन अभ्यर्थियों की मुश्किलें बढ़ गईं, जिन्होंने विवादित परीक्षाएं पास कर नियुक्ति हासिल कर ली थी। कई चयनित उम्मीदवार पहले ही सरकारी पदों पर काम शुरू कर चुके थे। उनका तर्क था कि कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जानी चाहिए, लेकिन बिना व्यक्तिगत जांच के सभी सफल अभ्यर्थियों की नियुक्तियां रद्द करना उचित नहीं है।

मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने सरकार के परीक्षा रद्द करने के फैसले पर अंतरिम रोक लगाकर बड़ी राहत दी है। अदालत के आदेश के बाद प्रभावित चयनित अभ्यर्थियों को फिलहाल अपनी सेवाओं पर लौटने का रास्ता मिला है। हाईकोर्ट का यह आदेश अंतिम फैसला नहीं है, इसलिए भर्ती परीक्षाओं और नियुक्तियों का भविष्य अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हुआ है।

अब सभी की नजर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई पर है। अदालत में यह मामला सामने आने के बाद यह तय करने की दिशा में महत्वपूर्ण घटनाक्रम हो सकता है कि कथित अनियमितताओं की जांच किस एजेंसी से होगी और रद्द की गई परीक्षाओं तथा नियुक्तियों को लेकर आगे क्या कानूनी रास्ता अपनाया जाएगा।अभ्यर्थियों के लिए आज की सुनवाई इसलिए बेहद अहम है, क्योंकि इससे हजारों छात्रों और पहले से नियुक्त उम्मीदवारों के भविष्य पर असर पड़ सकता है। हालांकि, अंतिम स्थिति सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के आगे के आदेशों के बाद ही स्पष्ट होगी।