Sonam Wangchuk shifted to Safdarjung hospital: बिगड़ते स्वास्थ्य के बीच दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश पर सोनम वांगचुक अस्पताल में शिफ्ट; प्रदर्शनकारियों से जंतर-मंतर खाली करने की अपील
सर्च न्यूज: सच के साथ: जंतर-मंतर पर 20 दिनों से अधिक समय से भूख हड़ताल पर बैठे जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस ने धरना स्थल से हटाकर अस्पताल में भर्ती करा दिया है। नई दिल्ली के डीसीपी सचिन शर्मा द्वारा सोशल मीडिया पर जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, यह कार्रवाई दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश और चिकित्सा विशेषज्ञों की सलाह पर की गई है। पिछले तीन हफ्तों से लगातार उपवास पर रहने के कारण वांगचुक की सेहत गंभीर रूप से बिगड़ रही थी, जिसके बाद आवश्यक चिकित्सा देखभाल प्रदान करने के लिए उन्हें सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया।
प्रशासनिक बयान में स्पष्ट किया गया है कि हाई कोर्ट के निर्देशों का पालन करते हुए जब पुलिस टीम सोनम वांगचुक को अस्पताल ले जाने पहुंची, तो वहां मौजूद कुछ प्रदर्शनकारियों ने इस प्रक्रिया में बाधा डालने और व्यवधान उत्पन्न करने का प्रयास किया। इस दौरान प्रदर्शन स्थल पर थोड़ी देर के लिए अफरा-तफरी और हंगामा हुआ, लेकिन पुलिस ने अधिकतम संयम बरतते हुए पूरी स्थिति को सुरक्षित और शांतिपूर्ण ढंग से संभाला। पुलिस प्रशासन ने साफ किया है कि इस अभियान के दौरान किसी भी प्रकार का बल प्रयोग या लाठीचार्ज नहीं किया गया है।वांगचुक को अस्पताल स्थानांतरित करने के बाद, दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर मौजूद अन्य सभी प्रदर्शनकारियों और संगठनों से कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। डीसीपी कार्यालय ने एक सार्वजनिक नोटिस जारी कर सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध किया है कि वे इस संवेदनशील माहौल को देखते हुए जल्द से जल्द और शांतिपूर्ण तरीके से जंतर-मंतर के प्रदर्शन स्थल को खाली कर दें। मालूम हो कि वांगचुक परीक्षा प्रणाली में सुधार और नीट पेपर लीक विवाद को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कर रहे थे