November 3, 2026

रांची में दुर्गा पूजा के बाद भी सड़कों पर तोरण द्वार, प्रशासन सख्त; लापरवाही करने वाली समितियों पर होगी कार्रवाई

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सर्च न्यूज: सच के साथ: रांची: दुर्गा पूजा संपन्न होने के बाद भी राजधानी रांची के कई इलाकों में बांस से बने तोरण द्वार नहीं हटाए गए हैं। जिला प्रशासन के निर्देश के बावजूद सड़कों और प्रमुख मार्गों पर इन अस्थायी संरचनाओं के मौजूद रहने से यातायात प्रभावित हो रहा है। आम लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने संबंधित पूजा समितियों को चिह्नित कर कार्रवाई करने की तैयारी शुरू कर दी है।


रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने 24 अक्टूबर 2026 को तोरण द्वारों को तत्काल हटाने का निर्देश दिया था। वहीं, रांची नगर निगम ने भी मुख्य मार्गों पर बिना अनुमति लगाए गए तोरण द्वारों को निर्धारित समय-सीमा में हटाने को कहा था। निगम के अनुसार, सार्वजनिक मार्गों पर ऐसे द्वार लगाने के लिए आवश्यक अनुमति नहीं ली गई थी। निर्देशों का पालन नहीं होने पर संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।


कडरू, हरमू, कोकर, मेडिकल चौक, अरगोड़ा और मेन रोड समेत कई इलाकों में तोरण द्वार या उनसे जुड़ी बांस की संरचनाएं बने रहने की सूचना है। कुछ स्थानों पर निर्माण में इस्तेमाल की गई कीलें और अन्य सामग्री सड़क पर बिखरी होने से वाहन चालकों को परेशानी और टायर पंचर होने का खतरा भी बना हुआ है। सड़क के हिस्से में ऐसी संरचनाएं रहने से रास्ता संकरा हो रहा है और यातायात की गति प्रभावित हो रही है।


प्रशासन अब संबंधित विभागों के माध्यम से अलग-अलग इलाकों का निरीक्षण कर स्थिति का आकलन करने की तैयारी में है। निर्देशों की अनदेखी करने वाली पूजा समितियों या जिम्मेदार लोगों के खिलाफ आगे की कार्रवाई निरीक्षण और उपलब्ध रिपोर्ट के आधार पर की जा सकती है। प्रशासन का उद्देश्य सड़कों को बाधामुक्त करना, यातायात सुचारु रखना और आम नागरिकों की परेशानी दूर करना है।

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