सर्च न्यूज: सच के साथ: लगातार हो रही मूसलाधार बारिश और ऊपरी इलाकों से पानी की भारी आवक के कारण जमशेदपुर और आसपास के क्षेत्रों में बाढ़ का खतरा काफी बढ़ गया है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन द्वारा गालूडीह बराज, चांडिल डैम और गांजिया बराज समेत कई जलाशयों के फाटक खोल दिए गए हैं। इन डैमों से हजारों क्यूसेक अतिरिक्त पानी छोड़े जाने के बाद सुवर्णरेखा और खरकाई नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है, जिससे तटीय बस्तियों में रहने वाले लोगों की चिंताएं बढ़ गई हैं।
जल संसाधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, गालूडीह बराज के कुल 18 फाटकों में से कई गेट खोलकर पानी की निरंतर निकासी की जा रही है, जिससे नदी का जलस्तर 92.4 मीटर के फ्लड लेवल तक जा पहुंचा है। इस अचानक हुई बढ़ोतरी के कारण नदी किनारे बसी कई तटीय बस्तियों और निचले रिहायशी इलाकों में पानी घुसने लगा है। हालांकि, इस मानसूनी बारिश और खेतों तक पानी पहुंचने से स्थानीय किसानों में धान की रोपनी को लेकर काफी उत्साह भी देखा जा रहा है।बढ़ते खतरे को देखते हुए स्थानीय अनुमंडल प्रशासन और जिला अधिकारियों ने अलर्ट जारी कर दिया है। तटीय और संवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को सुरक्षित स्थानों या राहत शिविरों में जाने की हिदायत दी जा रही है। इसके साथ ही, परियोजना पदाधिकारियों ने मछुआरों और आम लोगों को नदी के तेज बहाव वाले क्षेत्रों तथा पुल-पुलियों के पास न जाने की सख्त चेतावनी दी है। प्रशासन स्थिति पर 24 घंटे पैनी नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।