Election Breaking : West Bengal And Tamilnadu Voting Start : लोकतंत्र का महापर्व, दांव पर ममता व स्टालिन की साख
निगरानी के कड़े इंतजाम, सौ प्रतिशत मतदान केंद्रों पर वेबकास्टिंग
मतदान प्रक्रिया की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय पुलिस पर्यवेक्षक हर गतिविधि पर नजर रख रहे हैं. इसके अलावा 2193 क्विक रिस्पांस टीमें (क्यूआरटी) भी तैनात की गई हैं, जो किसी भी गड़बड़ी या हिंसा की सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई करेंगी. मतदाताओं की पहचान दो स्तरों पर की जा रही है—पहले केंद्रीय बलों द्वारा और फिर बूथ स्तर के अधिकारियों द्वारा. चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि ईवीएम के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ को गंभीर अपराध माना जाएगा. यदि मशीनों के बटन पर इत्र, गोंद या किसी रसायन का इस्तेमाल पाया गया, तो उसे वोट टेंपरिंग मानते हुए पुनर्मतदान कराया जा सकता है.
इस बार सभी मतदान केंद्रों पर 100 प्रतिशत वेबकास्टिंग की व्यवस्था की गई है. पीठासीन अधिकारियों को मतदान शुरू होने से पहले ईवीएम की गहन जांच के निर्देश दिए गए हैं. किसी भी तकनीकी गड़बड़ी की स्थिति में तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित करने को कहा गया है.
तमिलनाडु में एक चरण में मतदान, 5.73 करोड़ मतदाता
तमिलनाडु में आज सभी 234 विधानसभा सीटों पर एक ही चरण में मतदान हो रहा है. राज्य के 5.73 करोड़ से अधिक मतदाता 4023 उम्मीदवारों के राजनीतिक भविष्य का फैसला करेंगे. यहां मुख्य मुकाबला द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) और ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) गठबंधन के बीच है. मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने राज्य को दक्षिण एशिया का आदर्श मॉडल बनाने का वादा किया है, जबकि एआईएडीएमके नेता ई के पलानीस्वामी ने खासकर युवाओं से सोच-समझकर मतदान करने की अपील की है. इस चुनाव में अभिनेता-राजनेता विजय की सक्रियता ने कई सीटों पर मुकाबले को त्रिकोणीय बना दिया है. उनके मैदान में उतरने से दोनों प्रमुख गठबंधनों के समीकरण प्रभावित हो सकते हैं.
