Minister Dipika Pandey’s daughter dies in road accident: जमशेदपुर में भीषण सड़क हादसा: झारखंड की मंत्री दीपिका पांडे सिंह की पुत्री सहित 4 की मौत, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने व्यक्त किया गहरा शोक
सर्च न्यूज: सच के साथ: जमशेदपुर/रांची, 24 सितंबर 2026:झारखंड के जमशेदपुर में आज तड़के एक हृदय विदारक सड़क दुर्घटना घटित हुई। सोनारी थाना क्षेत्र के अंतर्गत दोमुहानी मरीन ड्राइव पर एक अनियंत्रित तेज रफ्तार कार ने सड़क किनारे खड़े एक ब्रेकडाउन ट्रेलर/ट्रक में पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण हादसे में कार सवार चार युवाओं की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। मृतकों में झारखंड सरकार की ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री व महागामा विधायक दीपिका पांडे सिंह की छोटी पुत्री तृषा सिंह (इस्तिका सिंह) भी शामिल हैं।
मृतकों की पहचान:पुलिस प्रशासन द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस हादसे में जान गंवाने वाले चारों व्यक्तियों की पहचान निम्नलिखित रूप में हुई है:
- तृषा सिंह (उम्र करीब 22 वर्ष): झारखंड की ग्रामीण विकास मंत्री श्रीमती दीपिका पांडे सिंह की पुत्री
- सार्थक अग्रवाल
- नमन गुप्ता
- वंशिका खंडेलवाल
मुख्यमंत्री एवं कैबिनेट मंत्रियों ने जताया शोक:इस दर्दनाक हादसे की सूचना मिलते ही पूरे राज्य और राजनीतिक गलियारों में शोक की लहर दौड़ गई है। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए लिखा, “जमशेदपुर में राष्ट्रीय राजमार्ग पर हुए सड़क हादसे में राज्य सरकार में साथी मंत्री एवं बहन श्रीमती दीपिका पांडे सिंह जी की बेटी और अन्य लोगों के निधन की दुखद व हृदय विदारक खबर से मन अत्यंत व्यथित है। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिजनों को यह असह्य दुःख सहन करने की शक्ति दें।”इसके साथ ही राज्य के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी सहित कई अन्य कैबिनेट मंत्रियों और वरिष्ठ नेताओं ने इस दुखद घड़ी में मंत्री दीपिका पांडे सिंह और अन्य पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना प्रकट की है। हादसे की जानकारी मिलने के तुरंत बाद मंत्री दीपिका पांडे सिंह अपने विधानसभा क्षेत्र महगामा से जमशेदपुर के लिए रवाना हो गई हैं।
जमशेदपुर पुलिस प्रशासन ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और दुर्घटना के सही कारणों का पता लगाने के लिए मामले की गहन जांच (Investigation) शुरू कर दी है। हाईवे पर अवैध रूप से खड़े भारी वाहनों और तेज रफ्तार के खिलाफ कड़े कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।
