झारखंड में 108 एंबुलेंस सेवा पर संकट: प्रबंधन के साथ वार्ता विफल होने के बाद कर्मचारियों की आज से अनिश्चितकालीन हड़ताल
सर्च न्यूज: सच के साथ: रांची: झारखंड में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं पर एक बड़ा संकट मंडरा रहा है। झारखंड प्रदेश एंबुलेंस कर्मचारी संघ और स्वास्थ्य विभाग के प्रबंधन के बीच लंबे समय से चल रही बातचीत विफल हो गई है। इस विफलता के बाद, कर्मचारी संघ ने 21 अक्टूबर से पूरे राज्य में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का अपना फैसला बरकरार रखा है। इस फैसले के बाद राज्यभर में करीब 500 एंबुलेंस के पहिए थमने की आशंका है, जिससे मरीजों को अस्पताल पहुंचाने और आपातकालीन स्वास्थ्य सुविधाओं तक पहुंचने में भारी बाधा उत्पन्न हो सकती है।
स्वास्थ्य विभाग और प्रबंधन की ओर से कर्मचारियों से लगातार अपील की जा रही है कि वे त्योहारों के इस मौसम में हड़ताल का रास्ता छोड़कर काम पर लौट आएं ताकि जनता को परेशानी न हो। हालांकि, हाल ही में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की अध्यक्षता में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) कार्यालय में हुई उच्च स्तरीय बैठक में कोई ठोस सहमति नहीं बन सकी। इसके बावजूद, ताजा अपडेट्स के अनुसार, स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारियों और अपर मुख्य सचिव के साथ हुई वार्ता में मिले आश्वासनों के बाद, इस अनिश्चितकालीन हड़ताल को फिलहाल 26 अक्टूबर तक के लिए टाल दिया गया है ताकि तब तक कोई बीच का रास्ता निकाला जा सके।
