Hockey World Cup 2026:हॉकी विश्व कप 2026: भारत के सामने बड़ी चुनौती, 51 साल का इंतजार खत्म करने उतरेगी पुरुष टीम
सर्च न्यूज: सच के साथ: नई दिल्ली: एफआईएच हॉकी विश्व कप 2026 का आगाज 15 अगस्त से बेल्जियम और नीदरलैंड्स में हो गया है। पुरुष और महिला दोनों वर्गों में 16-16 टीमें हिस्सा ले रही हैं। टूर्नामेंट 30 अगस्त तक चलेगा और भारत की पुरुष तथा महिला टीमें भी खिताब के लिए मैदान में हैं।
हरमनप्रीत सिंह की कप्तानी वाली भारतीय पुरुष टीम के लिए यह विश्व कप बेहद महत्वपूर्ण है। भारत ने आखिरी बार 1975 में विश्व कप खिताब जीता था और इसके बाद से टीम इस प्रतिष्ठित ट्रॉफी का इंतजार कर रही है। इस बार टीम का लक्ष्य लंबे इंतजार को खत्म कर विश्व हॉकी के शीर्ष मंच पर फिर से अपना दबदबा कायम करना है। भारत ने अपने अभियान की शुरुआत 15 अगस्त को वेल्स के खिलाफ की। इसके बाद ग्रुप चरण में भारत का सामना इंग्लैंड और पाकिस्तान से भी होना है। भारत और पाकिस्तान के बीच मुकाबले को लेकर प्रशंसकों में खासा उत्साह है।
🏆 नया फॉर्मेट बढ़ाएगा मुकाबले का रोमांच
इस बार विश्व कप में नया प्रतियोगिता प्रारूप लागू किया गया है, जिसमें ग्रुप चरण के बाद नॉकआउट चरण तक पहुंचने के लिए टीमों को कड़ी चुनौती से गुजरना होगा। ऐसे में शुरुआती मुकाबलों में प्रत्येक अंक और गोल अंतर महत्वपूर्ण हो सकता है। भारतीय पुरुष टीम के कोच क्रेग फुल्टन ने भी विश्व कप में पोडियम स्थान हासिल करने की महत्वाकांक्षा जताई है। टीम की तैयारियों में आक्रमण और रक्षात्मक रणनीति दोनों पर विशेष ध्यान दिया गया है। कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने भी टीम की तैयारियों और फिटनेस को लेकर भरोसा जताया है।
महिला टीम भी इतिहास रचने की कोशिश में
भारतीय महिला हॉकी टीम के सामने भी बड़ी चुनौती है। टीम 16 अगस्त को चीन के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। इसके बाद पूल डी में भारत को दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड जैसी टीमों का सामना करना है। भारतीय महिला टीम इस बार युवा प्रतिभाओं और अनुभवी खिलाड़ियों के मिश्रण के साथ उतरी है। टीम में 11 खिलाड़ी पहली बार विश्व कप में हिस्सा ले रही हैं। कोच स्जोर्ड मारिजने ने टीम के लिए शीर्ष आठ में जगह बनाने का लक्ष्य रखा है और निरंतरता तथा मानसिक मजबूती को सफलता की कुंजी बताया है।
