डिलीवरी बॉय से डिप्टी कलेक्टर तक :पिता राज मिस्त्री को किया गौरांवित,युवाओं के प्रेरणा बने सूरज यादव
सर्च न्यूज ,सच के साथ : गिरिडीह :
सूरज ने अपनी पढ़ाई का खर्च उठाने के लिए स्विगी और रैपिडो जैसी कंपनियों में डिलीवरी बॉय की नौकरी की। दिन में 5 घंटे काम करने के बाद, वह रात में पढ़ाई करते थे। उनकी मेहनत रंग लाई और उन्होंने अपने दूसरे प्रयास में जेपीएससी परीक्षा में 110वीं रैंक हासिल की।
सूरज की इस सफलता में उनके परिवार का भी महत्वपूर्ण योगदान है। उनकी बहन और पत्नी ने मुश्किल समय में उनका पूरा साथ दिया और उनके हौसले को बढ़ाया। सूरज की कहानी दिखाती है कि कड़ी मेहनत और परिवार के समर्थन से किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है
